NEWS | BY: POLITICS FEVER DESK | UPDATED: AUGUST 10, 2026
झारखंड में JSSC CGL परीक्षा रद्द करने और CBI जांच की मांग को लेकर विधानसभा घेराव करने निकले प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। बैरिकेडिंग तोड़कर आगे बढ़ रहे अभ्यर्थियों को रोकने के लिए वॉटर कैनन (पानी की बौछार) का भी इस्तेमाल किया गया।
Highlights
- रणक्षेत्र बना रांची: 10 अगस्त को प्रस्तावित विधानसभा घेराव के दौरान पुलिस और छात्रों के बीच तीखी झड़प हुई।
- लाठीचार्ज और वॉटर कैनन: सुरक्षा घेरा और बैरिकेडिंग तोड़ रहे छात्रों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने भारी लाठीचार्ज किया और पानी की बौछारें छोड़ीं।
- अपनी मांग पर अड़े छात्र: भारी विरोध के बावजूद छात्र CGL परीक्षा पूरी तरह रद्द करने और CBI जांच की मांग पर डटे हुए हैं।
मुख्य समाचार
डिजिटल डेस्क, रांची। झारखंड की राजधानी रांची में सोमवार (10 अगस्त) को अभ्यर्थियों का आक्रोश बेकाबू हो गया। JSSC CGL परीक्षा में हुई कथित धांधली को रद्द करने और CBI जांच की मांग को लेकर हजारों की संख्या में छात्र विधानसभा का घेराव करने निकले थे। इस दौरान जगन्नाथपुर/विधानसभा क्षेत्र के पास पुलिस और प्रदर्शनकारी छात्रों के बीच जोरदार आमना-सामना देखने को मिला।
पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स को तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश कर रहे छात्रों को रोकने के लिए पुलिस बल ने सख्त रुख अपनाया। भीड़ को बेकाबू होते देख पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर जमकर लाठियां भाजीं और वॉटर कैनन (पानी की बौछार) का इस्तेमाल किया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
बैरिकेडिंग तोड़ी, पुलिस ने संभाला मोर्चा
पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत राज्यभर से हजारों छात्र रांची पहुंचे थे। छात्र हाथों में तख्तियां और राष्ट्रध्वज लेकर सरकार विरोधी नारे लगाते हुए विधानसभा की ओर बढ़ रहे थे। जब पुलिस ने उन्हें सुरक्षा घेरे पर रोका, तो छात्र बैरिकेड्स फांदने लगे। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने बल प्रयोग करते हुए छात्रों को खदेड़ दिया। लाठीचार्ज में कई छात्रों के घायल होने की भी खबर है।
“हम शांतिपूर्ण तरीके से अपनी जायज मांगों को लेकर आवाज उठा रहे थे, लेकिन सरकार ने हमारी बात सुनने के बजाय हम पर पुलिस की लाठियां और पानी की बौछारें चलवाई हैं। युवाओं के दमन से यह आंदोलन रुकने वाला नहीं है।”
– प्रदर्शनकारी अभ्यर्थी, रांची
घेराबंदी तेज, इलाके में पुलिस बल तैनात
लाठीचार्ज और वॉटर कैनन के बाद भी इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है। पुलिस ने पूरे विधानसभा परिसर के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी है और अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है। वहीं, छात्र नेताओं ने पुलिस कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए कहा है कि जब तक CGL रद्द नहीं होता, उनका संघर्ष जारी रहेगा।
“हक़ मांगने निकले युवाओं पर लाठियां और पानी की बौछारें चलाना लोकतंत्र नहीं, दमन है। अगर सरकार सोचती है कि लाठीचार्ज से हमारी आवाज़ दब जाएगी, तो यह उनकी सबसे बड़ी भूल है।”
– प्रदर्शनकारी छात्र प्रतिनिधि, रांची