पटना गर्दनीबाग में छात्र आंदोलन तेज: BPSC की तरह BSSC परीक्षा कैलेंडर जारी करने की उठी मांग, रौशन आनंद ने खोला मोर्चा
- परीक्षा कैलेंडर की मांग: प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब BPSC अपना कैलेंडर जारी कर सकता है, तो BSSC का वार्षिक कैलेंडर क्यों नहीं है।
- गर्दनीबाग में जुटान: पटना के गर्दनीबाग धरना स्थल पर शिक्षक और प्रतियोगी छात्र बड़ी संख्या में अपनी मांगों को लेकर डटे हुए हैं।
- एकजुटता की अपील: आंदोलन को मजबूती देने के लिए सभी छात्र समूहों और छात्र नेताओं से साझा मंच पर आने की बात कही गई।
मुख्य समाचार: बिहार की राजधानी पटना के गर्दनीबाग धरना स्थल पर विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों का आंदोलन जारी है। शिक्षक और छात्र नेताओं ने सरकार और संबंधित आयोगों से भर्ती प्रक्रियाओं को समयबद्ध और पारदर्शी बनाने की मांग की है।
धरना स्थल पर मौजूद छात्रों को संबोधित करते हुए शिक्षक रौशन आनंद ने आयोगों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि अगर बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) अपना परीक्षा कैलेंडर जारी कर सकता है, तो बिहार कर्मचारी चयन आयोग (BSSC) का परीक्षा कैलेंडर क्यों नहीं जारी किया जाता।
नियमित कैलेंडर और पारदर्शिता की मांग
छात्रों का तर्क है कि निश्चित कैलेंडर न होने के कारण भर्तियों में अनावश्यक देरी होती है, जिससे अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में लटक जाता है:
समयबद्ध भर्ती प्रक्रिया: छात्रों की मुख्य मांग है कि फॉर्म निकलने से लेकर परीक्षा और परिणाम की तिथियां पहले से तय होनी चाहिए।
आयोगों की जवाबदेही: प्रतियोगी परीक्षाओं में अनियमितताओं पर रोक लगाने और लंबित भर्तियों को जल्द पूरा करने की बात कही गई।
आंदोलन को व्यापक बनाने की तैयारी
धरना स्थल पर मौजूद वक्ताओं ने सभी छात्र संगठनों से आपसी मतभेद भुलाकर एक मंच पर आने का आह्वान किया है, ताकि युवाओं के रोजगार और परीक्षा सुधारों से जुड़े मुद्दों को सरकार के समक्ष मजबूती से रखा जा सके।
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